रायपुर : छत्तीसगढ़ ने केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से मांगे 50 हजार एन-95 मास्क, 20 हजार वीटीएम किट और 250 वेंटीलेटर्स

रायपुर : छत्तीसगढ़ ने केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से मांगे 50 हजार एन-95 मास्क, 20 हजार वीटीएम किट और 250 वेंटीलेटर्स

छत्तीसगढ़ ने कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के लिए केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से 50 हजार एन-95 मास्क, 20 हजार वीटीएम (Viral Transport Media) किट और 250 वेंटीलेटर्स उपलब्ध कराने की मांग की है। सी.आर.पी.एफ. द्वारा बनाए जा रहे ट्रिपल लेयर मास्क की खरीदी हेतु प्रदेश के लिए कोटा निर्धारित करने का आग्रह भी किया है। स्वास्थ्य मंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव ने आज केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्ष वर्धन की वीडियो कॉन्फ्रेंस में कोविड-19 से निपटने के लिए प्रदेश की तात्कालिक जरूरतें साझा की। स्वास्थ्य मंत्रालय ने वीडियो कॉन्फ्रेंस से सभी राज्यों के स्वास्थ्य मंत्री से चर्चा कर देश में कोविड-19 की स्थिति की समीक्षा की। स्वास्थ्य राज्य मंत्री श्री अश्वनी कुमार चौबे और स्वास्थ्य मंत्रालय की सचिव सुश्री प्रीति सूदन भी वीडियो कॉन्फ्रेंस में मौजूद थीं।

स्वास्थ्य मंत्री श्री सिंहदेव ने वीडियो कॉन्फ्रेंस में कोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रदेश में की गई व्यवस्थाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश भर के अलग-अलग अस्पतालों में 5,666 बिस्तरों पर इलाज की व्यवस्था की जा रही है। आईसीयू और सेमी-आईसीयू के साथ ही अस्पतालों में 622 वेंटिलेटर्स की व्यवस्था है। इसके अतिरिक्त 300 चाइल्ड-वेंटिलेटर भी उपलब्ध है। प्रदेश के पास हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन की आठ लाख 20 हजार गोलियों का स्टॉक है। उन्होंने जानकारी दी कि जरूरत पड़ने पर अधिग्रहण के लिए निजी अस्पताल भी चिन्हांकित कर लिए गए हैं। आपात स्थिति में आइसोलेशन सुविधा के विस्तार के लिए कमरों के साथ अटैच्ड टॉयलेट वाले छात्रावासों के चिन्हांकन के भी निर्देश दिए गए हैं।

श्री सिंहदेव ने केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री को बताया कि पूल टेस्टिंग और आर.डी. किट सर्विलांस के माध्यम से अधिक से अधिक संदिग्धों की जांच की जा रही है। अब तक कुल दस हजार 346 संभावित व्यक्तियों के सैंपल एकत्र कर जांच की गई है। इनमें से 9,206 सैंपल की रिपोर्ट निगेटिव आई है जबकि 1104 सैंपल की जांच जारी है। अब तक यहां कुल 36 पाजिटिव मामले आए हैं जिनमें से 30 मरीज इलाज के बाद पूरी तरह स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं। 6 लोगों का उपचार जारी है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा संभावित क्षेत्रों में घर-घर जाकर एक्टिव सर्विलांस किया जा रहा है। लॉक-डाउन सहित भारत सरकार के सभी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराया जा रहा है।

स्वास्थ्य मंत्री ने कोविड-19 की जांच के लिए प्रदेश की लैबोटरीज को अपडेट करने जरूरी मशीनों की आईसीएमआर द्वारा अनुमोदित कीमत उपलब्ध कराने का आग्रह किया। इससे राज्य सरकार तेजी से जरूरी मशीनों की खरीदी कर लैब का उन्नयन कर सकेगी। वीडियो कॉन्फ्रेंस में स्वास्थ्य विभाग की सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह और आयुक्त श्री भुवनेश यादव भी शामिल हुए।