मुख्यमंत्री भूपेश बघेल : व्यापार और रोजगार बढ़ाने के लिए गांवों को प्रोडक्शन सेंटर और शहर को ट्रेडिंग सेंटर बनाएं

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल : व्यापार और रोजगार बढ़ाने के लिए गांवों को प्रोडक्शन सेंटर और शहर को ट्रेडिंग सेंटर बनाएं

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज शाम पंडरी कपड़ा एवं रेडिमेड व्यापारी संघ द्वारा आयोजित सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश में व्यापार और रोजगार बढ़ाने के लिए गांव को प्रोडक्शन सेंटर और शहर को ट्रेडिंग सेंटर बनाएं। कपड़ा व्यापारी डिजाइनरों को प्रशिक्षण देकर उन्हें कपड़ा, डिजाइन और उत्पादन का ऑर्डर दें। राज्य सरकार इसके लिए जमीन, शेड और मशीन उपलब्ध कराएगी।

इससे लोगों को रोजगार के साथ ही ग्राहकों को अच्छी क्वालिटी का कपड़ा भी उपलब्ध होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके लिए व्यापारी, जिला कलेक्टर के साथ बैठकर परियोजना तैयार कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि दंतेवाड़ा में सरकार की सहायता से डैनेक्स गारमेंट का कार्य शुरू हुआ है और वह अच्छी तरह संचालित हो रहा है, जिससे बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों को रोजगार भी मिला है।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री का पंडरी कपड़ा और रेडीमेड व्यापारी संघ ने श्रीफल, शॉल, चंद्रकलश एवं माल्यार्पण कर उनका सम्मान किया। मुख्यमंत्री ने 20 दिन से चल रहे पंडरी फेस्टिवल का लकी ड्रा निकाला। कार्यक्रम का आयोजन 7 व्यापारी संगठनों द्वारा किया गया।

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा कि व्यापार और उद्योग का पहिया घूमता है, जब ग्राहक की जेब में पैसा जाएगा। जब जेब में पैसा होता है, तब ग्राहक क्वालिटी और ब्राण्डेड सामग्री देखता है। सरकार ने अपनी नीति से सभी वर्गों के आर्थिक उत्थान के लिए कार्य किया है। ग्राहकों की जेब में पैसा पहुंचाया है, इससे व्यापार में फर्क आया है। उन्होंने कहा कि आज छत्तीसगढ़ के बाजार में रौनक है इससे उद्योगों का पहिया भी घूमेगा। इन सब प्रक्रिया से लोगों के जीवन स्तर में परिवर्तन आया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की कोशिश यह है कि व्यापारी, उद्योग को सुविधा दें तो वे उसे जोड़कर बेहतर बना लेते हैं। उन्होंने कहा कि व्यापार जितना बढ़ेगा उतना ही लोगों को रोजगार मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्य बात यह है कि हम व्यापार को कैसे बढ़ाएं, किसी एक वर्ग को नहीं, सभी वर्गों को आगे बढ़ाकर ही ‘गढ़बो नवा छत्तीसगढ़’ को सार्थक कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि पहले छत्तीसगढ़ की पहचान नक्सलगढ़ की थी, वह अब सिमट गई है। अब छत्तीसगढ़ में किसान, आदिवासी कला संस्कृति, धान उपार्जन, तेंदूपत्ता संग्रहण आदि की चर्चा देश में होती है। उन्होंने कहा कि व्यापार तभी बढ़ेगा जब सभी वर्गों के जरूरतों को ध्यान में रखकर निर्णय लिए जाएंगे।

कार्यक्रम को छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष एवं विधायक श्री कुलदीप जुनेजा, महापौर श्री एजाज ढेबर, अध्यक्ष चेम्बर ऑफ कॉमर्स श्री अमर परवानी, व्यापारी संगठन के श्री विजय भाई मुकीम, श्री अशोक बरड़िया, अध्यक्ष कपड़ा मार्केट पंडरी श्री चंदर विधानी ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर पार्षद श्री बंटी होरा, श्री प्रमोद मिश्रा, श्री नागभूषण राव सहित 7 व्यापारी संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद थे।